
कानून-व्यवस्था को लेकर सरकार पर बोला हमला
पटना : (Patna) बिहार विधानमंडल (Bihar Assembly) के मानसून सत्र के दूसरे दिन मंगलवार को कार्यवाही शुरू होने से पहले विधानसभा परिसर के बाहर विपक्षी दलों ने राज्य और केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। राष्ट्रीय जनता दल (RJD), कांग्रेस, भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (Communist Party of India) (CPI), और ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (All India Majlis-e-Ittehadul Muslimeen) (AIMIM) के विधायकों ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे, नीट पेपर लीक, जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर लाठीचार्ज, राज्य की कानून-व्यवस्था, भ्रष्टाचार तथा बाढ़ जैसी समस्याओं को लेकर सरकार को घेरने का प्रयास किया।
विधानसभा के मुख्य द्वार से लेकर पोर्टिको तक विपक्षी विधायक हाथों में पोस्टर और तख्तियां लेकर पहुंचे तथा सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शन के दौरान कई तख्तियों पर “भ्रष्टाचार में नंबर वन बिहार” और “अपराध में नंबर वन बिहार” जैसे नारे लिखे थे। विपक्षी सदस्यों ने आरोप लगाया कि राज्य में अपराध की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं और सरकार कानून-व्यवस्था बनाए रखने में विफल साबित हो रही है।
सीपीआई विधायक अजय कुमार (CPI MLA Ajay Kumar) राज्य की कानून-व्यवस्था से जुड़ा पोस्टर लेकर विधानसभा पहुंचे। उन्होंने कहा कि बिहार में लगातार बढ़ रही आपराधिक घटनाएं गंभीर चिंता का विषय हैं और सरकार को इस पर सदन तथा जनता के सामने जवाब देना चाहिए। उनका आरोप था कि अपराधियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई नहीं होने से आम लोगों में असुरक्षा की भावना बढ़ रही है।
कांग्रेस विधायक अभिषेक रंजन (Congress MLA Abhishek Ranjan) ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि पेपर लीक, वोट चोरी और राम मंदिर चंदा से जुड़े विवाद जैसे मुद्दों पर सरकार मौन है। उन्होंने आरोप लगाया कि छात्रों के अधिकारों के लिए आवाज उठाने वालों पर कार्रवाई की जा रही है और लोकतांत्रिक तरीके से विरोध दर्ज कराने वालों के साथ कठोर व्यवहार किया जा रहा है।
प्रदर्शन के बाद राजद विधायक कुमार सर्वजीत (RJD MLA Kumar Sarvjeet) ने कहा कि बिहार सरकार पूरी तरह बेनकाब हो चुकी है। उन्होंने हाल के भारत तिवारी एनकाउंटर मामले का उल्लेख करते हुए सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। साथ ही राज्य सरकार की महिलाओं से संबंधित आर्थिक सहायता योजना पर भी टिप्पणी करते हुए उसके क्रियान्वयन पर प्रश्न खड़े किए।
राजद विधायक राहुल शर्मा (RJD MLA Rahul Sharma) ने सोशल मीडिया पर अभद्र एवं आपत्तिजनक भाषा के इस्तेमाल के विरुद्ध प्रस्तावित कार्रवाई को लेकर सरकार की मंशा पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि सरकार इस तरह के मुद्दे उठाकर जनता की वास्तविक समस्याओं से ध्यान भटकाने का प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के निर्णयों को व्यवहारिक रूप से लागू करना भी आसान नहीं होगा।
इस बीच एआईएमआईएम के विधायकों ने भी विधानसभा परिसर में अलग से प्रदर्शन किया। पार्टी के सदस्यों ने बिहार में बाढ़ से हो रही तबाही, जर्जर सड़कों, टूटे पुलों और आधारभूत संरचना की खराब स्थिति का मुद्दा उठाया। उन्होंने सरकार से बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में तत्काल राहत एवं पुनर्वास कार्य तेज करने तथा क्षतिग्रस्त सड़कों और पुलों की शीघ्र मरम्मत कराने की मांग की।
