
मुंबई : (Mumbai) केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने (Union Home and Cooperation Minister Amit Shah) शनिवार को मुंबई के फोर्ट क्षेत्र में नेशनल अर्बन कोऑपरेटिव फाइनेंस एंड डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (एनयूसीएफडीसी) (National Urban Cooperative Finance and Development Corporation) के नए मुख्यालय का उद्घाटन किया। इसके साथ ही एनयूसीएफडीसी का मुख्यालय दिल्ली से मुंबई स्थानांतरित हो गया है। शाह ने बीएसई इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर (BSE International Convention Center) में आयोजित एनयूसीएफडीसी सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि महाराष्ट्र में देश के सबसे अधिक शहरी सहकारी बैंक हैं और राज्य का सहकारिता क्षेत्र लंबे समय से मजबूत रहा है।
महाराष्ट्र में 449 सहकारी बैंक
अमित शाह ने कहा कि महाराष्ट्र में वर्तमान में 449 सहकारी बैंक हैं। महाराष्ट्र, गुजरात, गोवा और कर्नाटक (maharashtra, Gujarat, Goa, and Karnataka) मिलकर देश के करीब 70 प्रतिशत सहकारी बैंकों का प्रतिनिधित्व करते हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए एनयूसीएफडीसी का मुख्यालय मुंबई स्थानांतरित करने का निर्णय लिया गया है। शाह ने एनयूसीएफडीसी के साइबर सुरक्षा संचालन केंद्र का भी उद्घाटन किया। मार्च 2024 में गठित एनयूसीएफडीसी देश के शहरी सहकारी बैंकों का प्रमुख छत्र संगठन है। इसका उद्देश्य सहकारी बैंकों की परिचालन क्षमता बढ़ाने, तकनीकी उन्नयन और डिजिटल बदलाव को गति देना है।
संदिग्ध खातों की पहचान में मिलेगी मदद
अमित शाह ने कहा कि एनयूसीएफडीसी सहकारी बैंकों को बैंकिंग सुधारों की जानकारी देने के साथ कर्मचारियों को प्रशिक्षण भी उपलब्ध कराएगा। ‘म्यूल हंटर’ (‘Mule Hunter’) जैसी तकनीक के जरिए संदिग्ध बैंक खातों की पहचान करने में भी सहायता मिलेगी। उन्होंने कहा कि ग्राहकों और भारतीय रिजर्व बैंक का भरोसा कायम रखने के लिए सहकारी बैंकों को पारदर्शिता और विश्वसनीयता बढ़ानी होगी।
छोटे बैंकों को भी मिलेगी आधुनिक साइबर सुरक्षा
इस अवसर पर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे (Maharashtra Chief Minister Devendra Fadnavis and Deputy Chief Minister Eknath Shinde) की मौजूदगी में एनयूसीएफडीसी और नेशनल फोरेंसिक साइंसेज यूनिवर्सिटी के बीच समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गए। इसका उद्देश्य शहरी सहकारी बैंकों की साइबर सुरक्षा, तकनीकी क्षमता और संस्थागत ढांचे को मजबूत करना है। शाह ने कहा कि समझौते के जरिए छोटे शहरी सहकारी बैंक भी बिना बड़े अतिरिक्त खर्च के आधुनिक साइबर सुरक्षा और डिजिटल फोरेंसिक सेवाओं का लाभ उठा सकेंगे। शाह ने कहा कि डिजिटल लेनदेन बढ़ने के साथ सहकारी बैंक साइबर धोखाधड़ी के प्रति अधिक संवेदनशील हुए हैं। ऐसे में फोरेंसिक विज्ञान और आधुनिक तकनीक की मदद से ऑनलाइन बैंकिंग को सुरक्षित करना जरूरी है। एनयूसीएफडीसी का उद्देश्य शहरी सहकारी बैंकों को बड़े वाणिज्यिक बैंकों के साथ प्रतिस्पर्धा के लिए सक्षम बनाना और सहकारी बैंकिंग सेवाओं को आधुनिक, पारदर्शी तथा अधिक भरोसेमंद बनाना है।
