
मुंबई : (Mumbai) महाराष्ट्र के नासिक और रायगढ़ जिले के पालक मंत्रियों को लेकर लंबे समय से चल रहा विवाद आखिरकार सुलझ गया है। भाजपा कोटे के मंत्री गिरीश महाजन (Girish Mahajan) को नासिक और शिवसेना (शिंदे गुट) के मंत्री भरत गोगावले (Bharat Gogawale) को रायगढ़ का पालक मंत्री नियुक्त किया गया है।
सरकार ने जारी किया नियुक्ति आदेश
महायुति सरकार (Mahayuti government) ने पालक मंत्रियों की नियुक्ति को लेकर सोमवार को आधिकारिक घोषणा कर दी। इस संबंध में सरकार की ओर से परिपत्र जारी किया गया है। राज्य में महायुति सरकार को डेढ़ साल से अधिक समय बीत चुका है, लेकिन नासिक और रायगढ़ के पालक मंत्रियों की नियुक्ति का मामला लंबे समय से अटका हुआ था।
नासिक को लेकर महायुति में खींचतान
नासिक के पालक मंत्री पद को लेकर शिवसेना (शिंदे गुट) और भाजपा के बीच लंबे समय से खींचतान चल रही थी। जिले में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (Nationalist Congress Party) (अजित पवार गुट) के सबसे अधिक विधायक होने के कारण पार्टी की ओर से भी इस पद पर दावा किया जा रहा था। शिवसेना की ओर से दादा भुसे, जबकि राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (अजित पवार गुट) की ओर से मंत्री छगन भुजबल (Chhagan Bhujbal) पालक मंत्री पद के प्रमुख दावेदार माने जा रहे थे। इसी खींचतान के कारण नासिक के पालक मंत्री की नियुक्ति का फैसला लगातार टलता रहा। सरकार ने आखिरकार नासिक के पालक मंत्री पद की जिम्मेदारी भाजपा के वरिष्ठ मंत्री गिरीश महाजन को सौंप दी है। इससे नासिक के पालक मंत्री को लेकर महायुति में चल रही खींचतान पर विराम लग गया है।
अदिति तटकरे का दावा खारिज, रायगढ़ में गोगावले को जिम्मेदारी
रायगढ़ जिले के पालक मंत्री पद को लेकर भी शिवसेना (शिंदे गुट) और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (अजित पवार गुट) के बीच खींचतान चल रही थी। शिवसेना के मंत्री भरत गोगावले और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी की महिला एवं बाल कल्याण मंत्री अदिति तटकरे इस पद के लिए प्रमुख दावेदार थीं। सरकार के फैसले के बाद अदिति तटकरे (Aditi Tatkare) का दावा खारिज हो गया है और भरत गोगावले को रायगढ़ का पालक मंत्री नियुक्त किया गया है। दोनों जिलों में पालक मंत्रियों की नियुक्ति के साथ महायुति सरकार के भीतर चल रहा यह विवाद अब खत्म हो गया है।
