
फरीदाबाद : (Faridabad) फरीदाबाद (Faridabad) में 11वीं कक्षा के विद्यार्थी ने फंदा लगाकर जान दे दी। छात्र 20 अगस्त की सुबह स्कूल ड्रेस में बैग लेकर घर से निकला था, लेकिन स्कूल नहीं पहुंचा। शाम तक घर नहीं लौटा तो परिजनों ने स्कूल और दोस्तों से पूछताछ शुरू की। दो दिन तक बेटे का कोई सुराग नहीं मिला। तलाश के बाद शनिवार को घर के पीछे बने कमरे का दरवाजा खोला गया तो अल्फाज फंदे पर लटका मिला। परिजनों के मुताबिक, वह मेडिकल साइंस (medical science studies) की पढ़ाई कठिन लगने के कारण तनाव में था। हालांकि, पुलिस अभी मौत के पीछे की वास्तविक वजह की जांच कर रही है। पुलिस का कहना है कि परिजनों के साथ स्कूल के दोस्तों से भी पूछताछ की जाएगी। मृतक की पहचान धौज थाना क्षेत्र स्थित खोरी जमालपुर गांव निवासी (Khori Jamalpur village under the Dhauj police station area) अल्फाज (16) के रूप में हुई। वो प्राइवेट स्कूल में पढ़ता था। अल्फाज परिवार का छोटा बेटा था। परिवार चाहता था कि वह आट्र्स या कॉमर्स लेकर पढ़े, लेकिन उसकी इच्छा मेडिकल साइंस पढऩे की थी। परिवार ने उसकी पसंद को देखते हुए 11वीं में इसी विषय में दाखिला दिलाया। कुछ समय बाद उसे मेडिकल साइंस की पढ़ाई मुश्किल लगने लगी। पिता हिदायत खान के मुताबिक, अल्फाज कई बार पढ़ाई छोडऩे की बात भी करता था। कभी स्कूल जाता तो कभी नहीं जाता था। परिवार उसे समझाता था कि पहले 11वीं पूरी कर ले, इसके बाद 12वीं में सब्जेक्ट बदलने पर विचार करेंगे। 20 अगस्त की सुबह अल्फाज घर से स्कूल के लिए निकला था। उसने स्कूल ड्रेस पहनी थी और बैग लेकर गया था। शाम तक घर नहीं लौटा तो परिवार को चिंता हुई। परिजन स्कूल पहुंचे और उसके दोस्तों से जानकारी ली। वहां पता चला कि अल्फाज उस दिन स्कूल आया ही नहीं था। इसके बाद परिवार ने अपने स्तर पर उसकी तलाश शुरू की और सोशल मीडिया पर भी उसकी गुमशुदगी की जानकारी साझा की। परिजनों के अनुसार, अल्फाज 21 अगस्त की रात ही किसी समय वापस घर आ गया होगा, लेकिन उन्हें उसके लौटने की जानकारी नहीं हुई। 22 अगस्त को परिवार का एक सदस्य मकान के पीछे बने कमरे में सामान लेने पहुंचा। कमरे का दरवाजा अंदर से बंद था। आवाज देने पर भी कोई जवाब नहीं मिला। परिजनों ने दरवाजा तुड़वाया तो अंदर अल्फाज अपनी स्कूल शर्ट से फंदे पर लटका मिला। उसकी मौत हो चुकी थी। सूचना मिलने पर धौज थाना पुलिस मौके पर पहुंची। थाना प्रभारी अनिल कुमार के मुताबिक, शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए ईएसआई मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (ESI Medical College and Hospital) की मोर्चरी भेजा गया। पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया।
