
नई दिल्ली : (New Delhi) उच्चतम न्यायालय ने महाराष्ट्र में राजनीतिक दलों के सदस्यों द्वारा डॉक्टरों की पिटाई की बढ़ती घटनाओं पर गहरी नाराजगी जाहिर की है। जस्टिस विक्रमनाथ (Justice Vikram Nath) की अध्यक्षता वाली बेंच ने महाराष्ट्र में डॉक्टर की पिटाई के मामले पर सुनवाई के दौरान कहा कि एक ही विचारधारा के लोग डॉक्टरों पर हमले में शामिल हैं।
उच्चतम न्यायालय ने यह टिप्पणी शिवसेना के पार्षद रमेश म्हात्रे (Shiv Sena councilor Ramesh Mhatre) की याचिका पर सुनवाई करते हुए की। उन्होंने कल्याण के शास्त्रीनगर अस्पताल में डॉक्टरों के साथ मारपीट के मामले में मिली जमानत की शर्तों को चुनौती दी थी।
कोर्ट ने कहा कि ऐसे नेताओं और राजनीतिक कार्यकर्ताओं को तुरंत हिरासत में लिया जाना चाहिए। ऐसे लोगों को खुलेआम सड़कों पर घूमने नहीं दिया जाना चाहिए। कोर्ट ने कहा कि डॉक्टरों के चैंबर में जाकर उन्हें बुरी तरह पीटने को किसी भी हालत में सामान्य नहीं माना जा सकता। डॉक्टरों पर हमला करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए, ताकि दूसरे भी ऐसी हरकत करने से डरें।
