
नई दिल्ली : (New Delhi) त्योहारी और छुट्टियों के सीजन से पहले देश की प्रमुख विमानन कंपनी इंडिगो (country’s leading airline, IndiGo) ने अपनी कई अतिरिक्त सेवाओं के शुल्क बढ़ा दिए हैं। बच्चों के टिकट से लेकर अतिरिक्त सामान, प्राथमिकता चेक-इन और बोर्डिंग जैसी सुविधाओं के लिए अब यात्रियों को पहले की तुलना में अधिक भुगतान करना होगा। ये सभी शुल्क टिकट के मूल किराए से अलग वसूले जाएंगे।
दो साल से कम उम्र के बच्चों का टिकट महंगा
इंडिगो ने दो वर्ष से कम आयु के बच्चों के टिकट शुल्क में 1,000 रुपये की बढ़ोतरी की है। अब ऐसे बच्चों के लिए 3,000 रुपये का शुल्क देना होगा, जबकि पहले यह 2,000 रुपये था। हालांकि इस श्रेणी के बच्चों को अलग सीट नहीं मिलती, लेकिन टिकट बुक कराना अनिवार्य होता है। इससे छोटे बच्चों के साथ यात्रा करने वाले परिवारों का खर्च बढ़ेगा।
अकेले यात्रा करने वाले बच्चों पर भी बढ़ा शुल्क
एयरलाइन ने ‘फ्लाइंग सोलो’ (‘Flying Solo’) सेवा की दरों में भी संशोधन किया है। अंतरराष्ट्रीय उड़ानों में अकेले सफर करने वाले बच्चों के लिए यह शुल्क बढ़ाकर 12,999 रुपये कर दिया गया है। वहीं घरेलू उड़ानों में यह शुल्क 5,000 रुपये से बढ़कर 5,999 रुपये हो गया है।
अतिरिक्त सामान ले जाना पड़ेगा महंगा
तय सीमा से अधिक सामान ले जाने वाले यात्रियों को अब अधिक भुगतान करना होगा। इंडिगो ने अतिरिक्त बैगेज शुल्क 700 रुपये प्रति किलोग्राम से बढ़ाकर 800 रुपये प्रति किलोग्राम कर दिया है। ऐसे में ज्यादा सामान के साथ यात्रा करने वालों की जेब पर अतिरिक्त बोझ पड़ेगा।
प्राथमिकता सेवाओं की कीमत भी बढ़ी
एयरलाइन ने प्राथमिकता चेक-इन और बोर्डिंग सेवाओं के शुल्क में 200 रुपये की वृद्धि की है। वहीं ‘फास्ट फॉरवर्ड’ चेक-इन और बोर्डिंग सुविधा’ (Fast Forward’ check-in and boarding facility) का शुल्क 500 रुपये से बढ़ाकर 650 रुपये कर दिया गया है। यह सुविधा लेने वाले यात्रियों को अब पहले से अधिक भुगतान करना होगा।
