
नई दिल्ली : (New Delhi) राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) (National Investigation Agency) ने ऑनलाइन कट्टरपंथी बनाने के एक मामले में बुधवार को देशभर में व्यापक छापेमारी की। जांच एजेंसी ने 10 राज्यों के 20 स्थानों पर एक साथ तलाशी अभियान चलाकर कई डिजिटल उपकरण जब्त किए। मामले की जांच केस संख्या RC-01/2026/NIA/VSKP के तहत की जा रही है।
10 राज्यों में एक साथ हुई छापेमारी
एनआईए की टीमों ने आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, कर्नाटक, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल, बिहार, राजस्थान, गुजरात और दिल्ली में (Andhra Pradesh, Telangana, Karnataka, Maharashtra, Uttar Pradesh, West Bengal, Bihar, Rajasthan, Gujarat, and Delhi) एक साथ कार्रवाई की। एजेंसी के अनुसार, कुछ लोग आईएसआईएस और अल-कायदा (ISIS and Al-Qaeda) जैसे प्रतिबंधित आतंकवादी संगठनों की विचारधारा का ऑनलाइन प्रचार-प्रसार कर युवाओं को कट्टरपंथ की ओर प्रेरित करने की साजिश में शामिल थे।
डिजिटल उपकरण जब्त, होगी फॉरेंसिक जांच
छापेमारी के दौरान कई डिजिटल उपकरण (digital devices) जब्त किए गए हैं। एनआईए इनकी फॉरेंसिक जांच (forensic examination) कर रही है ताकि कट्टरपंथी नेटवर्क, ऑनलाइन गतिविधियों और अन्य संदिग्धों के बारे में महत्वपूर्ण सुराग जुटाए जा सकें।
अब तक 11 आरोपी और एक नाबालिग गिरफ्तार
इस मामले में अब तक 11 आरोपियों और एक नाबालिग को गिरफ्तार किया जा चुका है। एनआईए ने मई 2026 में यह जांच विजयवाड़ा पुलिस (Vijayawada Police) से अपने हाथ में ली थी। विजयवाड़ा पुलिस ने मार्च में मुख्य आरोपी रहमतुल्लाह शरीफ मोहम्मद के घर की तलाशी के बाद मामला दर्ज किया था। तलाशी के दौरान प्रतिबंधित आतंकवादी संगठनों अल-कायदा इन द इंडियन सबकॉन्टिनेंट (एक्यूआईएस) और इस्लामिक स्टेट (आईएस) (Al-Qaeda in the Indian Subcontinent (AQIS) and the Islamic State (IS) से संबंधित आपत्तिजनक सामग्री बरामद हुई थी।
विदेशी हैंडलरों से ऑनलाइन संपर्क के मिले संकेत
जांच एजेंसी के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी और उनके सहयोगी हिंसक जिहादी सामग्री तथा भ्रामक प्रचार के माध्यम से देशभर के युवाओं को कट्टरपंथी बनाने की कोशिश कर रहे थे। प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी विदेश में बैठे अपने हैंडलरों के संपर्क में थे और ऑनलाइन माध्यम से भारत विरोधी गतिविधियों तथा कथित ‘खिलाफत’ ‘(Caliphate’ via online channels) की साजिश को आगे बढ़ाने का प्रयास कर रहे थे। एनआईए ने बताया कि जब्त किए गए डिजिटल साक्ष्यों और तकनीकी विश्लेषण के आधार पर मामले की जांच आगे बढ़ाई जा रही है। एजेंसी इस साजिश में शामिल अन्य व्यक्तियों की पहचान करने और पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश करने के लिए लगातार कार्रवाई कर रही है।
