
नई दिल्ली : (New Delhi) नीट पेपर लीक मामले को लेकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान (Union Education Minister Dharmendra Pradhan) के इस्तीफे और प्रदर्शनकारियों पर दर्ज मामलों को वापस लेने की मांग कर रही कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) (Cockroach Janata Party) ने केंद्र सरकार के साथ हुई वार्ता के बाद अपना आंदोलन समाप्त करने की घोषणा कर दी है। केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और डॉ. जितेंद्र सिंह के साथ हुई बैठक (Union Ministers JP Nadda and Dr. Jitendra Singh) के बाद CJP नेताओं ने संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह ऐलान किया।
CJP ने कहा- हमारी प्रमुख मांगें मान ली गईं
संविधान क्लब में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में CJP के मुख्य प्रवक्ता सौरव दास (CJP’s chief spokesperson Saurav Das) ने कहा कि संगठन की प्रमुख मांगों पर सहमति बन गई है। उन्होंने बताया कि केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद पहली मांग पूरी हो गई है। इसके अलावा प्रदर्शनकारियों के खिलाफ दर्ज मामलों को वापस लेने पर भी सरकार सहमत हो गई है।सौरव दास ने कहा कि संबंधित एफआईआर की प्रतियां जल्द संगठन को उपलब्ध कराई जाएंगी और मामलों को वापस लेने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। उन्होंने जंतर-मंतर पर धरना दे रहे सभी प्रदर्शनकारियों से शांतिपूर्वक अपने घर लौटने की अपील की।
प्रदर्शनकारियों पर नहीं होगी कार्रवाई
CJP नेता आशुतोष रांका (CJP leader Ashutosh Ranka) ने कहा कि सरकार ने आश्वासन दिया है कि आंदोलन में शामिल किसी भी प्रदर्शनकारी या आयोजक के खिलाफ प्रतिशोधात्मक कार्रवाई नहीं की जाएगी। उन्होंने बताया कि संगठन ने नीट पेपर लीक से प्रभावित परिवारों के लिए एक करोड़ रुपये के मुआवजे की मांग रखी थी, जिस पर सरकार ने नियमों के अनुसार अधिकतम संभव सहायता देने का भरोसा दिया है।आशुतोष रांका ने बताया कि संगठन ने सरकार को परीक्षा और शिक्षा व्यवस्था में सुधार से जुड़े पांच बिंदुओं वाला मांग पत्र भी सौंपा है। इस पर विस्तृत चर्चा के लिए चार सप्ताह बाद फिर बैठक होगी। उन्होंने कहा कि यदि सरकार इन सुधारों पर भी सकारात्मक कदम उठाती है तो छात्रों का विश्वास और मजबूत होगा।
जेपी नड्डा बोले- मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार किया
केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने कहा कि सरकार ने CJP की सभी मांगों पर गंभीरता और सहानुभूति के साथ विचार किया है। उन्होंने बताया कि प्रदर्शनकारियों पर दर्ज मामलों, संभावित कार्रवाई, मुआवजे और परीक्षा सुधारों से जुड़े सुझावों पर चर्चा हुई है।नड्डा ने कहा कि सरकार शिक्षा और परीक्षा प्रणाली में सुधार के लिए संगठन के सुझावों का अध्ययन करेगी और आगे भी संवाद जारी रखा जाएगा। उन्होंने भरोसा दिलाया कि नियमों के तहत प्रभावित परिवारों को अधिकतम संभव सहायता प्रदान करने का प्रयास किया जाएगा।गौरतलब है कि नीट पेपर लीक मामले को लेकर जंतर-मंतर पर कई दिनों से प्रदर्शन चल रहा था। आंदोलनकारी शिक्षा मंत्री के इस्तीफे, परीक्षा प्रणाली में सुधार और प्रदर्शनकारियों के खिलाफ दर्ज मामलों को वापस लेने की मांग कर रहे थे। सरकार और CJP के बीच कई दौर की बातचीत के बाद आखिरकार आंदोलन समाप्त करने पर सहमति बनी।
