
भारत में मजबूत डिफेंस वर्कफोर्स बनेगी, देश में अमेरिकी नौकरियों के मौके मिलेंगे
नई दिल्ली : (New Delhi) भारत ने अमेरिका से टैंक रोधी मिसाइल प्रणाली (Javelin anti-tank missile system) एफजीएम-148 जैवलिन खरीदने का समझौता किया है। भारत ने जैवलिन प्रणाली के लिए प्रस्ताव और स्वीकृति पत्र पर हस्ताक्षर भी कर दिए हैं। अब टाटा एडवांस्ड सिस्टम्स लिमिटेड और जैवलिन जॉइंट वेंचर (Javelin Joint Venture) (JJV) ने भारत में इस प्रणाली के निर्माण के लिए एक समझौते पर हस्ताक्षर किया है। यह करार भारतीय रक्षा उद्योग को खास मौके देगा और इंडो-पैसिफिक के लिए क्षेत्रीय स्थिरता को मजबूत करेगा।
अमेरिकी राजदूतावास की प्रवक्ता डाना जिए (US Embassy spokesperson Dana Xie) ने 28 अगस्त को पुष्टि की थी कि भारत ने जैवलिन प्रणाली के लिए प्रस्ताव और स्वीकृति पत्र पर हस्ताक्षर कर दिए हैं। इस समझौते पर हस्ताक्षर के साथ भारत जैवलिन प्रणाली का ग्राहक बन गया है, जो एक उन्नत, मध्यम दूरी की फायर-एंड-फॉरगेट एंटी-टैंक गाइडेड मिसाइल है। अब भारत में जैवलिन प्रणाली के निर्माण के लिए जैवलिन जॉइंट वेंचर ने टाटा एडवांस्ड सिस्टम्स (Tata Advanced Systems) को प्राइम पार्टनर के तौर पर चुना है। इस करार के तहत टाटा एडवांस्ड सिस्टम्स लिमिटेड और जेजेवी भारत में जैवलिन प्रणाली के लिए एक फाइनल असेंबली और एकीकरण सुविधा बनाने के बारे में पता लगाएंगे।
टैंक रोधी मिसाइल प्रणाली एफजीएम-148 जैवलिन भारत और अमेरिकी पार्टनरशिप के लिए फायदेमंद होगी। इससे भारत में एक मजबूत डिफेंस वर्कफोर्स बनेगी। साथ ही कई साल के प्रोडक्शन के जरिए घरेलू सप्लाई चेन में अमेरिकी नौकरियां बनी रहेंगी। देश में को-प्रोडक्शन शुरू होने से भारत का डिफेंस इंडस्ट्रियल बेस मजबूत होगा। इससे जैवलिन की फाइनल असेंबली और इंटीग्रेशन भारतीय फैसिलिटी और सप्लायर तक पहुंचेगा, हाई-टेक नौकरियां पैदा होंगी, स्थानीय विनिर्माण विशेषज्ञता बढ़ेगी और दुनिया भर में बढ़ती डिमांड के कारण ग्लोबल सप्लाई चेन की मजबूती को सपोर्ट मिलेगा। भरोसेमंद जैवलिन वेपन सिस्टम की सप्लाई होने से इस इलाके के पार्टनर देशों को मदद मिलेगी।
जैवलिन जॉइंट वेंचर के वाइस प्रेसिडेंट और प्रोग्राम डायरेक्टर रिच लिसियन ने कहा कि यह साझेदारी जैवलिन जॉइंट वेंचर और भारतीय पार्टनर के बीच गहरे सामरिक सहयोग को दिखाती है, जिससे अंतरसंचालनीयता और संयुक्त रक्षा पहल को मजबूती मिलेगी, जो इंडो-पैसिफिक पार्टनरशिप के बड़े लक्ष्यों के साथ मेल खाती हैं। भारत में एक समर्पित जैवलिन अंतिम असेंबली और एकीकरण सुविधा बनाने के लिए टाटा एडवांस्ड सिस्टम्स लिमिटेड के साथ साझेदारी करना इस जरूरी एंटी-टैंक वेपन सिस्टम के लिए एक मजबूत सप्लाई चेन पक्का करने की दिशा में एक अहम कदम है। यह सहयोग न सिर्फ भारत की हाई-टेक मैन्युफैक्चरिंग क्षमताओं को बढ़ाता है, बल्कि इंडो-पैसिफिक रीजन में स्थिर ढांचे को भी मजबूत करेगा, जिससे दुनिया भर में हमारे साझेदार उभरते खतरों का तेजी से जवाब दे सकें।
टाटा एडवांस्ड सिस्टम्स लिमिटेड के मुख्य कार्यकारी अधिकारी और प्रबंध निदेशक सुकरन सिंह (Sukaran Singh, Chief Executive Officer and Managing Director) ने कहा कि लॉकहीड मार्टिन और रेथियॉन के साथ हमारे लंबे समय से चले आ रहे रिश्ते में इस जरूरी अगले कदम पर जेवलिन जॉइंट वेंचर के साथ पार्टनरशिप करके हमें खुशी हो रही है। यह पहल भारत के रक्षा औद्योगिक पारिस्थितिकी तंत्र में जरूरी असेंबली विशेषज्ञता और प्रौद्योगिकी हस्तांतरण करने के साथ ही आत्मनिर्भरता को भी मजबूत करेगी। यह करार भारत की ऑपरेशनल तैयारी बढ़ाने के साथ ही भारतीय सशस्त्र बलों तक लड़ाई के लिए तैयार क्षमता पहुंचाने में मदद करेगा।
