
लिस्टिंग के बाद लगभग दोगुना हुआ पैसा
नई दिल्ली : (New Delhi) बायोटेक सेक्टर के लिए काम करने वाली कंपनी एविएंस बायोमेडिकल्स (Avience Biomedicals) के शेयरों ने आज स्टॉक मार्केट में जबरदस्त मुनाफे के साथ एंट्री करके अपने आईपीओ निवेशकों को खुश कर दिया। आईपीओ के तहत कंपनी के शेयर 208 रुपये के भाव पर जारी किए गए थे।
आज एनएसई के एसएमई प्लेटफॉर्म (NSE’s SME platform) पर इसकी लिस्टिंग 90 प्रतिशत प्रीमियम के साथ 395.20 रुपये के स्तर पर हुई। लिस्टिंग के बाद लिवाली का जोर बन जाने के कारण थोड़ी देर में ही ये शेयर उछल कर 414.95 रुपये के अपर सर्किट लेवल तक पहुंच गया। इस तरह पहले दिन के कारोबार में ही कंपनी के आईपीओ निवेशकों को प्रति शेयर 206.95 रुपये यानी 99.50 प्रतिशत का फायदा हो गया।
एविएंस बायोमेडिकल्स का 30.24 करोड़ रुपये का आईपीओ 18 से 22 जून के बीच सब्सक्रिप्शन के लिए खुला था। इस आईपीओ को निवेशकों की ओर से जबरदस्त रिस्पॉन्स मिला था, जिसके कारण ये ओवरऑल 385.32 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इनमें क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (qualified institutional buyers) (QIBs) के लिए रिजर्व पोर्शन 196.77 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इसी तरह नॉन इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (non-institutional investors) (NIIs) के लिए रिजर्व पोर्शन में 597.23 गुना सब्सक्रिप्शन आया था। इसी तरह रिटेल इन्वेस्टर्स के लिए रिजर्व पोर्शन 401.36 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इस आईपीओ के तहत 10 रुपये फेस वैल्यू वाले कुल 14,53,800 शेयर जारी किए गए हैं। आईपीओ से जुटाए गए पैसे का इस्तेमाल कंपनी वर्किंग कैपिटल की जरूरतों को पूरा करने और आम कॉरपोरेट उद्देश्यों में करेगी।
एविएंस बायोमेडिकल्स की वित्तीय स्थिति की बात करें तो कैपिटल मार्केट रेगुलेटर सेबी के पास जमा कराए गए ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (Draft Red Herring Prospectus) (DRHP) में किए गए दावे के मुताबिक इसकी वित्तीय सेहत लगातार मजबूत हुई है। वित्त वर्ष 2023-24 में कंपनी को 2.14 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ हुआ था, जो अगले वित्त वर्ष 2024-25 में बढ़ कर 7.23 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया। पिछले वित्त वर्ष 2025-26 में अप्रैल 2025 से 31 जनवरी 2026 तक कंपनी को 5.74 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ हो चुका था।
इस दौरान कंपनी की राजस्व प्राप्ति में भी लगातार बढ़ोतरी हुई। वित्त वर्ष 2023-24 में इसे 24.37 करोड़ रुपये का कुल राजस्व प्राप्त हुआ, जो वित्त वर्ष 2024-25 में बढ़ कर 45.97 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया। वहीं पिछले वित्त वर्ष 2025-26 में अप्रैल 2025 से 31 जनवरी 2026 तक कंपनी को 41.94 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हो चुका था।
इस अवधि में कंपनी के कर्ज में भी लगातार वृद्धि हुई। वित्त वर्ष 2023-24 के अंत में कंपनी पर 15.13 करोड़ रुपये का कर्ज था, जो वित्त वर्ष 2024-25 में बढ़ कर 22.16 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया। पिछले वित्त वर्ष 2025-26 में अप्रैल 2025 से 31 जनवरी 2026 तक कंपनी पर लदे कर्ज का बोझ बढ़ कर 26.73 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया था।
इस अवधि में कंपनी के रिजर्व और सरप्लस में भी बढ़ोतरी हुई। वित्त वर्ष 2023-24 में ये 2.93 करोड़ रुपये के स्तर पर था, जो 2024-25 में बढ़ कर 18.75 करोड़ रुपये हो गया। पिछले वित्त वर्ष 2025-26 में अप्रैल 2025 से 31 जनवरी 2026 तक की बात करें तो कंपनी का रिजर्व और सरप्लस बढ़ कर 24.49 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया।
इसी तरह ईबीआईटीडीए (Earnings Before Interest, Taxes, Depreciation and Amortization) 2023-24 में 4.08 करोड़ रुपये के स्तर पर था, जो 2024-25 में बढ़ कर 11.41 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया। वहीं पिछले वित्त वर्ष 2025-26 में अप्रैल 2025 से 31 जनवरी 2026 तक कंपनी का ईबीआईटीडीए 10.34 करोड़ रुपये के स्तर पर था।
