
नई दिल्ली : (New Delhi) पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच क्रूड ऑयल की जरूरतों के बड़े हिस्से की आवाजाही और सप्लाई के लिए अहम होर्मुज स्ट्रेट (Strait of Hormuz) से तेल और गैस से लदे जहाज अब निकलने लगे हैं। इन सबके बीच कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट का सिलसिला जारी है। यह 72 डॉलर प्रति बैरल के करीब आ गया है।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोमवार को कारोबार के दौरान ब्रेंट क्रूड की कीमत करीब 0.28 डॉलर यानी 0.39 फीसदी फिसलकर 71.84 डॉलर प्रति बैरल पर ट्रेंड कर रहा है। वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (West Texas Intermediate) (WTI) 0.18 डॉलर यानी 0.26 फीसदी टूटकर 68.51 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार कर रहा है।इस बीच ओपेक प्लस देशों ने भी अगले महीने से कच्चे तेल का उत्पादन बढ़ाने का फैसला किया है। सऊदी अरब और रूस की अगुवाई में सात देशों ने हर दिन 1.88 लाख बैरल अतिरिक्त क्रूड ऑयल के उत्पादन की मंजूरी दी है।
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से रविवार को तेल और गैस ले जाने वाले जहाजों की आवाजाही पहले के मुकाबले बेहतर दिखी। यूरिया, डीएपी और सल्फर ला रहे 15 भारतीय जहाज सुरक्षित रूप से होर्मुज से गुजर चुके हैं। ये सभी जहाज भारत के बंदरगाहों की ओर बढ़ रहे हैं।
